शब्दकोश पर वापस जाएं
Coping Strategies

रिटायरमेंट से तालमेल बिठाना

Coping with Retirement

नौकरी छोड़ने के बाद आने वाली खालीपन की भावना और पहचान के बदलाव को स्वस्थ तरीके से संभालने की प्रक्रिया है।

Details

रिटायरमेंट वो पल होता है जिसका हम सालों से इंतजार करते हैं, लेकिन जब यह आता है तो कई बार मन में एक अजीब सी उलझन और खालीपन महसूस होने लगता है। जब काम ही हमारी पहचान बन जाता है, तो उसके जाने के बाद यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि अब मैं कौन हूँ। रिटायरमेंट से तालमेल बिठाने का मतलब है इस नए जीवन के दौर को समझना और धीरे-धीरे अपने लिए नई दिनचर्या, नए रिश्ते और नई खुशियाँ ढूंढना। यह जीवन का अंत नहीं, बल्कि एक नया अध्याय है जिसमें आप अपनी शर्तों पर जी सकते हैं।

💡 रोज़मर्रा का उदाहरण

तीस साल की नौकरी के बाद रिटायर होने पर हर सुबह यह सोचकर मन भारी हो जाता था कि आज कहाँ जाऊँ और दिन कैसे बिताऊँ।

Ad

क्या आप "रिटायरमेंट से तालमेल बिठाना" के बारे में और बात करना चाहते हैं?

Mana इस विषय पर आपके साथ बात करने और व्यक्तिगत सलाह देने के लिए यहाँ है

संबंधित मनोवैज्ञानिक परीक्षण

इस विषय से संबंधित परीक्षण करें और खुद को गहराई से समझें

यह सामग्री शैक्षिक उद्देश्यों के लिए है और पेशेवर चिकित्सा निदान का विकल्प नहीं है।

रिटायरमेंट से तालमेल बिठाना (Coping with Retirement) | 마음스캔 심리학 용어사전